गांधी जी और शास्त्री जी के विचार युगों-युगों तक प्रेरणा देते रहेंगे, आज के दौर में गांधी जी के विचार और भी प्रासंगिक हो गये हैं: अजय कुमार लल्लू

खुद को हिन्दू धर्म और संस्कारों का अलम्बरदार बताने वाले हाथरस की घटना में हुए बेनकाब:आराधना मिश्रा‘मोना’




लखनऊ 02 अक्टूबर 2020।
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी जी और पूर्व प्रधानमंत्री-भारत रत्न लाल बहादुर शास्त्री जी की जयन्ती आज यहां प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय पर सादगी और श्रद्धा के साथ मनायी गयी। इस मौके पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष श्री अजय कुमार लल्लू, कांग्रेस विधानमंडल दल की नेता श्रीमती आराधना मिश्रा ‘मोना’ ने गांधी जी और शास्त्री जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर देश के लिए उनके द्वारा किये गये योगदान के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए पुष्पांजलि अर्पित की। इस अवसर पर एक संगोष्ठी का आयोजन कर गांधी जी और शास्त्री जी के विचारों और आदर्शों पर चर्चा की गयी। संगोष्ठी का संचालन प्रदेश कंाग्रेस के प्रवक्ता श्री बृजेन्द्र कुमार सिंह ने किया।  

प्रदेश कंाग्रेस अध्यक्ष श्री अजय कुमार लल्लू ने इस मौके पर गांधी जी और शास्त्री के विचारों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इन दोनों महापुरूषों ने देश की आजादी से लेकर देश के नवनिर्माण में अपना महत्वपूर्ण येागदान दिया था। गांधी जी ने सत्य और अहिंसा के हथियार से जहां देश को ब्रितानिया हुकूमत से आजादी दिलायी वहीं असमानता, भेदभाव, गरीबी एवं जातिगत विषमता को दूर करने के लिए खादी और सूत को कातकर देश की बहुसंख्यक गरीब जनता को आत्मनिर्भर बनाने का मंत्र दिया। उनकी व्यक्तिगत सादगी भारतवासियों को हमेशा-हमेशा के लिए प्रेरणा देती रहेगी। उन्होने एक मजबूत लोकतांत्रिक देश की परिकल्पना की थी। उन्होने कहा कि आज गांधी जी के विचारों पर हमला हो रहा है। लोकतंत्र और भारत की बहुलतावादी संस्कृति पर कुठाराघात किया जा रहा है। ऐसे में हम सभी कांग्रेसजनों को गांधी जी के बताये रास्ते पर और मजबूती से चलने और उनके विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लेने की आवश्यकता है।
कांग्रेस विधानमंडल दल की नेता श्रीमती आराधना मिश्रा‘मोना’ ने जयन्ती के मौके पर गांधी जी को याद करते हुए कहा कि आज की परिस्थितियों में कैसे उनके सपनों के भारत को तोड़ा जा रहा है वह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होने कहा कि वह एक मां हैं इसलिए वह हाथरस की बिटिया के गैंगरेप और मृत्यु के बाद में परिजनों को शव न दिये जाने की पीड़ा बहुत शिद्दत से महसूस कर सकती हैं। उन्होने कहा कि उ0प्र0 सरकार के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है कि हाथरस का डीएम परिजनों को शव न सौंपकर उनको धमकाते हुए कहता है कि मीडिया वाले तो दो-तीन दिन में चले जायेंगे, हमारा आपका साथ लम्बे समय तक रहेगा आप हमारी बात मान लीजिए। उन्होने कहाकि कांग्रेसजनों पर बहन, बेटियों के लिए न्याय मांगने पर सरकार द्वारा लाठियां बरसायीं जा रही हैं जेलों में ठूंसा जा रहा है, यह लोकतंत्र का हनन है और गांधी जी के सहिष्णु भारत के विचार की हत्या है।
जयन्ती कार्यक्रम को अन्य प्रमुख लोगों में श्री शाहनवाज आलम, श्री मनोज यादव, श्री अनिल यादव, श्री तरूण पटेल, श्री मुकेश सिंह चैहान, श्री आलोक रैकवार, श्री सुभाष मिश्रा, श्रीमती सुनीता रावत, डा0 शहजाद आलम, श्री जाफर मूसा आदि ने सम्बोधित करते हुए गांधी जी एवं शास्त्री जी के प्रति श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए कहा कि आज के समय में जब निरंकुश और फासीवादी सरकार जनता के सारे अधिकारों को कुचल देना चाहती है ऐसे में गांधी जी के विचार और अधिक प्रासंगिक हो गये हैं।

इस अवसर पर प्रमुख रूप से पूर्व विधायक श्री श्यामकिशोर शुक्ल, प्रदेश कांग्रेस के उपाध्यक्ष श्री वीरेन्द्र चैधरी, प्रभारी प्रशासन श्री दिनेश सिंह, श्री रमेश शुक्ला, श्री रमेश मिश्रा, श्रीमती रफत फातिमा, श्री आशीष अवस्थी, श्री अरशी रजा, श्री विशाल राजपूत, श्री संजय शर्मा, श्रीमती शीला मिश्रा, श्री प्रदीप कनौजिया, श्रीमती सुशीला शर्मा, श्रीमती माया चैबे, श्री जावेद अहमद खान, श्री आदित्य चैधरी, श्रीमती सुमन प्रजापति, श्री शमशाद आलम, श्री अयूब सिद्दीकी, आचार्य मनोज कुमार पाण्डेय, श्री अंकित सक्सेना, श्री रंजीत कुमार, श्री योगेश्वर सिंह, चै0 सलमान कादिर, श्री नावेद नकवी, श्री सत्या पटेल, पं0 एस0बी0 मिश्रा सहित सैंकड़ों की संख्या में कांग्रेसजन मौजूद रहे।


इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

बिहार में स्वतंत्रता आंदोलन : विहंगम दृष्टि

सरकारी पद पर कोई भर्ती नहीं होगी केंद्र सरकार ने नोटिस जारी कर दिया

शौंच को गई शिक्षिका की दुष्कर्म के बाद हत्या