राज्य सरकार द्वारा होमगार्ड स्वयंसेवकों तथा अवैतनिक होमगार्ड अधिकारियों की सेवावधि में मृत्यु अथवा अपंगता की स्थिति में उनके उत्तराधिकारी अथवा उनको 05 लाख रु0 की अनुग्रह राशि प्रदान की जाएगी: मुख्यमंत्री

वर्तमान राज्य सरकार होमगाडर््स स्वयंसेवकों, अवैतनिक होमगाड्र्स पदाधिकारियों तथा उनके परिजनों के प्रति अत्यन्त संवेदनशील


 

वर्तमान सरकार द्वारा होमगाड्र्स की मृत्यु अथवा स्थायी रूप से अपंगता की दशा में उनके एक पात्र आश्रित को अनुकम्पा के आधार पर होमगाड्र्स स्वयंसेवक के पद पर सेवायोजित किये जाने की व्यवस्था की गयी


 

वर्तमान प्रदेश सरकार द्वारा होमगाड्र्स स्वयंसेवकों के ड्यूटी भत्तों को पुलिस कार्मिकों के समान किया गया


 

वर्तमान समय में प्रदेश में उपलब्ध समस्त 90,000 होमगाड्र्स 

स्वयंसेवक प्रतिदिन विभिन्न ड्यूटियों हेतु प्रतिस्थापित हो रहे

 

मुख्यमंत्री ने उ0प्र0 होमगार्ड्स के स्थापना दिवस पर आयोजित 

रैतिक परेड का निरीक्षण किया और परेड का मान प्रणाम स्वीकार किया

 

मुख्यमंत्री ने 05 नवनिर्मित जिला होमगार्ड्स कार्यालयों आगरा, फतेहपुर, 

फतेहगढ़, जौनपुर एवं हमीरपुर तथा चेतन चैहान मण्डलीय 

प्रशिक्षण केन्द्र, मुरादाबाद का लोकार्पण किया

 

मुख्यमंत्री ने ड्यूटी के दौरान दिवंगत हुए होमगार्ड स्वयंसेवकों के 

आश्रितों को 05-05 लाख रु0 की आर्थिक सहायता धनराशि का चेक प्रदान किया

 

मुख्यमंत्री ने होमगार्ड स्वयंसेवक श्री जयराम कटियार तथा गाजियाबाद 

की महिला होमगार्ड स्वयंसेवक कु0 मंजू को डी0जी0 कमेण्डेशन 

डिस्क एवं प्रशस्ति-पत्र प्रदान किया

 

स्मारिका ‘उत्तर प्रदेश होमगार्ड्स’ का विमोचन



लखनऊ: 06 दिसम्बर, 2020

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने कहा कि होमगार्ड स्वयंसेवकों तथा अवैतनिक होमगार्ड अधिकारियों की सेवावधि में अधिवर्षता से पूर्व मृत्यु अथवा अपंगता की स्थिति में उनके नाॅमिनी या उत्तराधिकारी अथवा उनको 05 लाख रुपए की अनुग्रह राशि राज्य सरकार द्वारा प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा कि वर्तमान में होमगार्ड स्वयंसेवकों तथा अवैतनिक अधिकारियों की मृत्यु अथवा अपंगता की स्थिति में उनके परिजनों या उन्हें कल्याण कोष के ब्याज की धनराशि से सहायता प्रदान की जाती है। इस व्यवस्था से प्रभावित होमगार्ड स्वयंसेवकों तथा अवैतनिक अधिकारियों मंेे से 20 प्रतिशत ही लाभान्वित हो पाते हैं। होमगार्ड स्वयंसेवकों तथा अवैतनिक अधिकारियों की सेवावधि में मृत्यु अथवा अपंगता की स्थिति में सभी प्रभावित को सहायता प्रदान करने के लिए यह निर्णय लिया गया है।



मुख्यमंत्री जी आज यहां उत्तर प्रदेश होमगार्ड्स स्थापना दिवस के अवसर पर होमगाडर््स मुख्यालय पर आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे। इससे पूर्व, मुख्यमंत्री जी ने उत्तर प्रदेश होमगार्ड्स स्थापना दिवस पर आयोजित रैतिक परेड का निरीक्षण किया और परेड का मान प्रणाम भी स्वीकार किया।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री जी ने 05 नवनिर्मित जिला होमगार्ड्स कार्यालयों आगरा, फतेहपुर, फतेहगढ़, जौनपुर एवं हमीरपुर तथा चेतन चैहान मण्डलीय प्रशिक्षण केन्द्र, मुरादाबाद का लोकार्पण किया। उन्होंने ड्यूटी के दौरान दिवंगत हुए होमगार्ड स्वयंसेवकों के आश्रितों को 05-05 लाख रुपए की आर्थिक सहायता धनराशि का चेक तथा होमगार्ड स्वयंसेवक श्री जयराम कटियार तथा गाजियाबाद की महिला होमगार्ड स्वयंसेवक कु0 मंजू को डी0जी0 कमेण्डेशन डिस्क एवं प्रशस्ति-पत्र प्रदान किया। उन्होंने स्मारिका ‘उत्तर प्रदेश होमगार्ड्स’ का विमोचन भी किया।
मुख्यमंत्री जी ने संविधान निर्माता डाॅ0 बी0आर0 आंबेडकर के 65वें महापरिनिर्वाण दिवस पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की। उत्तर प्रदेश होमगार्ड्स संगठन को 58वें स्थापना दिवस की बधाई देते हुए उन्होंने कहा कि वर्तमान प्रदेश सरकार होमगाडर््स स्वयंसेवकों, अवैतनिक होमगाड्र्स पदाधिकारियों तथा उनके परिजनों के प्रति अत्यन्त संवेदनशील है। वर्तमान सरकार द्वारा होमगाड्र्स की मृत्यु अथवा स्थायी रूप से अपंगता की दशा में उनके एक पात्र आश्रित को अनुकम्पा के आधार पर होमगाड्र्स स्वयंसेवक के पद पर सेवायोजित किये जाने की व्यवस्था की गयी है। साथ ही, आश्रित के रूप में होमगाड्र्स स्वयंसेवक के पद पर सेवायोजित किये जाने हेतु जो भी नियम बनाये गये हैं, वह सरल एवं व्यावहारिक हैं।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि हमारी सरकार ने होमगाड्र्स स्वयंसेवकों के ड्यूटी भत्तों को पुलिस कार्मिकों के समान किया है, जिससे वे पूर्ण मनोबल के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन कर सकें। राज्य सरकार द्वारा होमगाड्र्स स्वयंसेवकों/अवैतनिक अधिकारियों का ड्यूटी भत्ता पुलिस कार्मिकों के न्यूनतम वेतन 18,000 को 30 दिन के माह के आधार पर प्रतिदिन 600 रुपए एवं इसमें शासन द्वारा समय-समय पर निर्धारित महंगाई भत्ते को जोड़ते हुए अनुमन्य किया गया है। इसके साथ-साथ अवैतनिक अधिकारियों के मानदेय में भी अभिवृद्धि की गयी है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि आज 05 नवनिर्मित जिला होमगाड्र्स कार्यालयों आगरा, फतेहपुर, फतेहगढ़, जौनपुर एवं हमीरपुर तथा चेतन चैहान मण्डलीय प्रशिक्षण केन्द्र मुरादाबाद का लोकार्पण किया गया है। जनपद हरदोई के जिला होमगाडर््स कार्यालय एवं प्रयागराज, झांसी, आगरा, कानपुर के 04 मण्डलीय प्रशिक्षण केन्द्रों के निर्माणाधीन भवनों का निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण हो जायेगा। आधुनिकीकरण योजना के अन्तर्गत केन्द्र व राज्य सरकार द्वारा आवंटित धनराशि से अब तक 38 विभागीय भवनों में जिला होमगाड्र्स कार्यालय एवं 03 विभागीय भवनों में मण्डलीय प्रशिक्षण केन्द्रों का अनावरण हो चुका है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि उत्तर प्रदेश होमगाड्र्स संगठन एक स्वयंसेवी संगठन है, जिसकी स्थापना वर्ष 1963 में भारत सरकार द्वारा देश की आन्तरिक सुरक्षा को सुदृढ़ बनाये रखने की पृष्ठभूमि में की गयी थी। अभ्युदयकाल से ही यह विभाग निरन्तर एक प्रशिक्षित तथा अनुशासित समाज के निर्माण हेतु प्रयासरत है। निष्काम सेवा की अविरल भावना से ओत-प्रोत इस संगठन ने अब तक समाज के प्रत्येक वर्ग से लाखों की संख्या में पुरुष एवं महिलाओं को संगठन का सदस्य बनाकर, उन्हें देश की सुरक्षा की किन्हीं भी विषम परिस्थितियों से सफलतापूर्वक निपटने की दक्षता विकसित की है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार के कार्यकाल के दौरान होमगाड्र्स विभाग की उपलब्धियां उल्लेखनीय हैं। राज्य सरकार द्वारा व्यावसायिक कौशल विकास कार्यक्रम के अन्तर्गत 1,200 होमगाड्र्स जवानों को प्रदेश के विभिन्न प्रशिक्षण केन्द्रों पर बाढ़, आपदा राहत एवं बचाव कार्यों हेतु प्रशिक्षण दिलाया गया। एन0डी0आर0एफ0 के कुशल प्रशिक्षकों द्वारा भी जनपद-गोरखपुर एवं लखनऊ में प्रशिक्षण केन्द्रों पर 180 हवलदार प्रशिक्षकों एवं 204 ब्लाॅक आॅर्गनाइजर्स को आपदा प्रबन्धन में प्रशिक्षित किया गया।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि भारतीय संस्कृति एवं गौरव का प्रतीक विश्व प्रसिद्ध कुम्भ मेला-2019 के दौरान 10 हजार होमगाड्र्स, स्वयंसेवकों ने सफलतापूर्वक दिये गये दायित्वों का निर्वहन किया। राज्य सरकार द्वारा कुम्भ मेला ड्यूटी में तैनात 10 हजार होमगाड्र्स जवानों को उनकी उत्कृष्ट सेवाओं के लिए कुम्भ-सेवा-मेडल से सम्मानित किया गया है। प्रदेश सरकार द्वारा कुम्भ मेला ड्यूटी में प्रतिस्थापित किये गये 10,000 होमगाड्र्स को ड्यूटी भत्ते के अतिरिक्त भोजन भत्ते के रूप में प्रति होमगाड्र्स 80 रुपए प्रतिदिन की धनराशि स्वीकृत की गयी।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि वर्ष 1963 में होमगाड्र्स बल की स्थापना के समय प्रदेश भर में मात्र 2,000 होमगाड्र्स जवानों को प्रतिदिन शान्ति व्यवस्था ड्यूटी पर लगाये जाने के अवसर उपलब्ध थे। पूर्व की सरकार में प्रतिदिन होमगाड्र्स स्वयंसेवकों का प्रतिस्थापन लगभग 55,000 था। वर्तमान सरकार होमगाड्र्स स्वयंसेवकों के प्रति सदैव संवेदनशील रही है तथा इनकी कार्य क्षमता एवं उपयोगिता को देखते हुए उनकी ड्यूटी प्रतिस्थापन में निरन्तर अभिवृद्धि की गयी। वर्तमान समय में प्रदेश में उपलब्ध समस्त 90,000 होमगाड्र्स स्वयंसेवक प्रतिदिन विभिन्न ड्यूटियों हेतु प्रतिस्थापित हो रहे हैं, जिससे उनकी आजीविका एवं परिवार का भरण-पोषण हो रहा है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि होमगाड्र्स विभाग के ड्यूटी अथवा प्रशिक्षणरत समस्त होमगाड्र्स स्वयंसेवकों अथवा अवैतनिक अधिकारियों को आगामी एक वर्ष के लिए 24 घण्टे सामाजिक सुरक्षा बीमा योजना से आच्छादित किये जाने के लिए राज्य सरकार द्वारा 04 करोड़ 99 लाख 91 हजार 700 रुपए की धनराशि को अवमुक्त करते हुए ड्यूटी एवं प्रशिक्षण की अवधि में दुर्घटना के कारण मृत्यु होने पर, उनके आश्रितों एवं परिजनों की सहायता हेतु 05 लाख रुपए की आर्थिक सहायता दुर्घटना बीमा योजना के अन्तर्गत प्रदान करायी जा रही है। विगत 03 वर्षों में ड्यूटी की अवधि में दुर्घटना होने के कारण हुई मृत्यु के फलस्वरूप वर्ष 2017-18 में 77, वर्ष 2019-20 में 82 एवं वर्ष 2020-21 में 12, अब तक कुल 171 स्वयंसेवकों के आश्रितों को 05-05 लाख रुपए की बीमा धनराशि प्राप्त करायी गयी।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि होमगाड्र्स स्वयंसेवकों के कल्याण के लिए स्थापित कल्याण कोष की धनराशि पूर्व में 05 करोड़ रुपए थी, जिसे वर्तमान सरकार ने बढ़ाकर 10 करोड़ रुपए कर दिया है। वर्ष-2017 से अब तक कल्याण कोष में अर्जित ब्याज की धनराशि 2 करोड़ 44 लाख 89 हजार 621 रुपए के अन्तर्गत 77 मृतक स्वयंसेवकों के आश्रितों को 03-03 लाख रुपए की अनुग्रह राशि, 102 चिकित्सा से सम्बन्धित दावे, 45 छात्रवृत्ति से सम्बन्धित मामले तथा 28 अन्य मामलों में धनराशि का भुगतान किया गया है। कानपुर के बिकरू काण्ड में गम्भीर रूप से घायल होमगार्ड श्री जयराम कटियार, जनपद कानपुर नगर को चिकित्सा हेतु मुख्यमंत्री राहत कोष से 06 लाख 75 हजार रुपए की आर्थिक सहायता प्रदान की गयी।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि विगत 58 वर्षों में विभिन्न क्षेत्रों में कीर्तिमान स्थापित करते हुए यह बल पुलिस, शासन और प्रशासन का अपरिहार्य अंग बन चुका है। स्वयंसेवकों की कार्य क्षमता एवं दक्षता को निरन्तर विकसित करने एवं निखारने के लिये सरकार द्वारा प्रदेश में कई प्रशिक्षण केन्द्र स्थापित किये गये हैं। वर्तमान में होमगाड्र्स बल, पुलिस बल के सम्पूरक बल के रूप में प्रदेश के विभिन्न जनपदों में शान्ति व्यवस्था ड्यूटियों के अतिरिक्त यातायात ड्यूटी, डायल-112 में वाहन चालक का कार्य, निर्वाचन ड्यूटी, परीक्षा ड्यूटी, जेल सुरक्षा ड्यूटी तथा केन्द्रीय एवं राज्य सरकार के सरकारी/अर्द्धसरकारी उपक्रमों/प्रतिष्ठानों तथा महत्वपूर्ण संस्थानों स्मारकों आदि की सुरक्षा में भी निरन्तर प्रतिस्थापित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि कोरोना (कोविड-19) महामारी के प्रसार को रोकने हेतु लागू किये गये लाॅकडाउन के दौरान इस संगठन ने उल्लेखनीय भूमिका निभायी। विभिन्न प्रदेशों से ट्रेन के माध्यम से आये प्रवासी नागरिकों को बसों के द्वारा सकुशल गंतव्य तक पहुंचाने में होमगाड्र्स स्वयंसेवकों की प्रमुख भूमिका रही है। उन्होंने गणतंत्र दिवस के अवसर पर आयोजित परेड में उत्तर प्रदेश होमगाड्र्स की टोली एवं विभागीय ब्रास बैण्ड दल के प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि वर्तमान में यह संगठन पुलिस बल के सहयोगी के रूप में शासन एवं प्रशासन को अपना महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आगामी वर्षों में होमगाड्र्स बल के स्वयंसेवक तथा अधिकारी और अधिक परिश्रम, अनुशासन तथा कर्तव्यनिष्ठा के साथ शान्ति व्यवस्था के कार्य में महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वहन करते रहेंगे।
कार्यक्रम में अपर मुख्य सचिव होमगाडर््स श्री अनिल कुमार ने अतिथियों का स्वागत किया। कमाण्डेण्ट जनरल होमगार्ड्स श्री विजय कुमार ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
इस अवसर पर विधायिका श्रीमती संगीता चैहान, लखनऊ की महापौर श्रीमती संयुक्ता भाटिया, मुख्य सचिव श्री आर0के0 तिवारी, अपर मुख्य सचिव गृह श्री अवनीश कुमार अवस्थी, पुलिस महानिदेशक श्री हितेश चन्द्र अवस्थी एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।


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