एनटीपीसी ने वित्त वर्ष 2020-21 में किया शानदार प्रदर्शन

अभय त्रिपाठी
एनटीपीसी समूह ने वित्त वर्ष 21 में अपनी अब तक की सबसे अधिक 314 बिलियन यूनिट बिजली का उत्पादन दर्ज किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 8.2 फीसदी की वृद्धि है। स्वायत्त आधार पर, एनटीपीसी इकाइयों ने वित्त वर्ष 21 में 270.9 बिलियन यूनिट उत्पन्न किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 4.3 फीसदी की वृद्धि है। एनटीपीसी समूह ने 1192.42 एमयू (ग्रुप) और 990.65 एमयू (एनटीपीसी) की अब तक की सबसे अधिक एकल दिन की बिजली उत्पत्ति दर्ज की। कोयला संयंत्रों ने 91.43 फीसदी के अवेलेबिलिटी फैक्टर के साथ 66 फीसदी का पीएलएफ दर्ज किया। यहाँ यह उल्लेख करना समीचीन होगा की , ऊंचाहार की पहली यूनिट की नींव चार दशक पूर्व रखी गई तथा एनटीपीसी द्वारा इसका अधिग्रहण 13 फरवरी 1992 को किया गया l पिछले वित्तीय वर्ष में ऊंचाहार की सभी यूनिट संयंत्रों ने 91.68 फीसदी के अवेलेबिलिटी फैक्टर के साथ 53 फीसदी का पीएलएफ दर्ज किया। । ऊंचाहार ने वित्त वर्ष 21 में 7156.78 मिलियन यूनिट उत्पन्न किया, जो MOU टार्गेट की तुलना में 12 फीसदी ज्यादा है। ऊंचाहार परियोजना ने अपने सोलर प्लांट से 14.20 मिलियन यूनिट उत्पन्न किया l ऊंचाहार परियोजना का इतना शानदार प्रदर्शन, बिजली संयंत्रों और एनटीपीसी सिस्टम के संचालन और रखरखाव में इंजीनियरों की विशेषज्ञता का प्रमाण है। पहली बार, वित्तीय वर्ष 2021 में डिस्कॉम से एनटीपीसी ऊर्जा बिलों की वसूली एक लाख करोड़ रुपए हुई है और बकाए की सौ फीसदी प्राप्ति हुई। कोविड महामारी के बीच जहां हर तरफ सन्नट्टा था लेकिन एनटीपीसी ऊंचाहार ने “ न रुके थे हम और न रुकेंगे हम “ की रणनीति के साथ अपने पूंजीगत व्यय का 100% से भी ज्यादा का उपयोग किया l ऊंचाहार परियोजना ने राख उपयोगिता को सार्थक करते हुए 166% की दर से इसका उपयोग पूर्वाञ्चल एक्सप्रेसवे , इलाहाबाद –लखनऊ राजमार्ग , लखनऊ- वाराणसी राजमार्ग सहित अन्य बड़े परियोजनाओं में किया जा रहा है l ऊंचाहार को कोविड के दौरान किए गए सामाजिक कार्यो की वजह से पब्लिक रिलेशन सोसाइटी द्वारा 2 स्वर्ण पदक से नवाजा गया l एनटीपीसी समूह की कुल स्थापित क्षमता वित्त वर्ष 21 में 4160 मेगावाट क्षमता वृद्धि के साथ 5.96 फीसदी बढ़कर 65810 मेगावाट हो गई। स्वायत्त आधार पर, एनटीपीसी क्षमता 4.03 फीसदी बढ़कर 52385 मेगावाट हो गई। बिजली उत्पादन के साथ, एनटीपीसी ने ई-मोबिलिटी, वेस्ट-टू-एनर्जी जैसे विभिन्न नए व्यावसायिक क्षेत्रों में भी काम किया है और केंद्र शासित प्रदेशों के बिजली वितरण के लिए नीलामी में भाग लिया है। एनटीपीसी अपने संयंत्र परिसर में सक्रिय रूप से ग्रीन हाइड्रोजन समाधान और कैप्टिव उद्योगों की खोज कर रहा है। एनटीपीसी समूह के पास 26 नवीकरणीय परियोजनाओं सहित 70 पावर स्टेशन हैं। समूह के पास निर्माणाधीन 18 गीगावॉट क्षमता है, जिसमें 5 गीगावॉट नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाएं शामिल हैं। किफायती कीमतों पर पर्यावरण के अनुकूल ऊर्जा परियोजनाओं के माध्यम से बिजली की निर्बाध आपूर्ति एनटीपीसी की पहचान रही है। एनटीपीसी सुरक्षा और पर्यावरण के मुद्दों को शीर्ष पर रखते हुए उच्चतम विश्वसनीयता और दक्षता हासिल करने का प्रयास करती है। जीवाश्म से कार्बन मुक्त ऊर्जा में संक्रमण करने के साथ-साथ एनटीपीसी व्यापार और बाजार में हिस्सेदारी बढ़ाने की रणनीति पर भी चल रही है। वैश्विक स्तर पर ऊर्जा स्थान में वैश्विक बदलाव और ‘जिम्मेदारी भरे निवेश’ में वृद्धि के साथ, एनटीपीसी ईएसजी पर जोर दे रहा है और पर्यावरण के स्थिरता मापदंडों में सुधार करते हुए भविष्य की वृद्धि के लिए नवीकरणीय ऊर्जा पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।

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