एक दिवसीय धरना सम्पन्न

 






ललितपुर। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर 21 सूत्रीय मांगों को लेकर आयोजित  बी. आर.सी. बिरधा पर आयोजित धरना में कोविड गाइड लाइन का पालन करते हुए प्रांतीय नेतृत्व द्वारा एक ही छत के नीचे कार्यरत समस्त कार्मिकों की मांग को प्रमुखता से उठाया गया जिसमें पुरानी पेंशन बहाली,राज्य कर्मचारियों की भांति कैशलेस चिकित्सा सुविधा, ए सी पी,सामुहिक बीमा राशि को लागू करते हुए 10 लाख किया जाना, शिक्षामित्रों व अनुदेशकों का नियमितीकरण, आंगनबाड़ी कार्यकत्री व सहायिका के मानदेय में बृद्धि, रसोइयों के मानदेय में बृद्धि, विद्यालयों का संविलियन रद्द किया जाना, विद्यालय में प्रधानाध्यापक के पद की बहाली, प्रत्येक विद्यालय में एक लिपिक,अनुचर व चौकीदार की तैनाती, कस्तूरबा विद्यालय में कार्यरत शिक्षकों का नियमितीकरण, विशेष शिक्षकों का नियमितीकरण, ठेका प्रथा को समाप्त कर स्थायी भर्तियां किया जाना,मृत शिक्षकों के आश्रितों की शिक्षक के पद पर या लिपिक के पद पर भर्ती की व्यवस्था, मृत शिक्षामित्रों, अनुदेशकों के आश्रितों का सेवा में स्थायी समायोजन, कोविड में मृत शिक्षकों के परिवार वालों को 1 करोड़ की अनुग्रह राशि का भुगतान करने, ऑनलाइन के नाम पर शिक्षकों का शोषण बन्द करने,विद्यालय में बिजली,पानी,प्रत्येक विद्यार्थी को फर्नीचर समेत विद्यार्थियों के चहुमुखी विकास हेतु समस्त संसाधन उपलब्ध कराने,परिवार नियोजन प्रोत्साहन भत्ता, नगर प्रतिकर भत्ता समेत अन्य भत्ते जो सरकार द्वारा छीने गए हैं उन्हें वापस करने समेत स्थानीय स्तर पर भी लंबित समस्याओं के त्वरित निस्तारण की मांग की गयी। ब्लॉक के धरने में प्रतिभाग करते हुए  जिलाध्यक्ष राजेश लिटौरिया ने कहा कि संघर्ष से ही सफलता का रास्ता निकलता है।हम सरकार का विगत साढ़े चार साल से न केवल सहयोग कर रहे हैं,बल्कि महामारी काल में हमने सरकार का आर्थिक रूप से भी कदम कदम पर सहयोग किया है,फिर भी सरकार हमारा उत्पीडऩ करने से बाज नहीं आ रही है। अब समय आ गया कि सरकार समय रहते चेत जाये,जिला मंत्री अरुण गोस्वामी ने शिक्षकों से अपनी लोकतांत्रिक शक्ति को पहचानने व सरकार की हठधर्मिता के विरुद्ध उसका प्रयोग करने का आह्वान किया।जिला कोषाध्यक्ष आलोक श्रीवास्तव ने संगठित रहकर अपनी शक्ति को संचित कर उसका प्रयोग करने पर बल दिया।  ब्लॉक मंत्री अनूप सैनी ने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि 21 सूत्रीय मांगों पर सरकार को तथा स्थानीय स्तर की समस्याओं के निस्तारण हेतु विभाग को त्वरित निर्णय लेना होंगे।शील चन्द्र जैन तथा नवीन पुरवार ने अपने चुटीले काव्यात्मक अंदाज में सरकार को चेताया और अध्यापकों को एकजुटता दिखाने को कहा।के.के.पाठक, चन्द्र प्रताप सिंह,संतोष रजक,धीरेन्द्र प्रताप सिंह,अर्चना तिवारी,शोभना शाण्डिल्य,सी. एल.पांचाल,आशीष मिश्रा, आदि तथा  वरिष्ठ उपाध्यक्ष हरीराम वर्मा ने आभार व्यक्त किया।

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